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हसन नसरुल्लाह की ललकार, ट्रम्प का सर क़ासिम सुलैमानी के जूते के बराबर भी नहीं, चुन चुन कर बदला लेंगे

इन्तेक़ाम का मतलब यह नहीं कि जिस रैंक के क़ासिम सुलैमानी थे उसी रैंक के दुश्मन को ढेर किया जाए, सरदार क़ासिम सुलैमानी का जूता भी ट्रम्प के सर से क़ीमती और मूल्यवान है , दुश्मनों में क़ासिम सुलैमानी के बराबर का कोई है ही नहीं जिस से इन्तेक़ाम लिया जाएइन्तेक़ाम क्षेत्र में अमेरिका की सैन्य उपस्थिति से होगा क्षेत्र में मौजूद अमेरिका के सभी सैन्य अड्डे सैन्य अङ्गिकरि और सैनिक इस अपराध का बदला चुकाएंगे ।

विलायत पोर्टल : प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रतिरोधी आंदोलन हिज़्बुल्लाह के प्रमुख सय्यद हसन नसरुल्लाह ने शहीद क़ासिम सुलैमानी के इन्तेक़ाम लेने की बात पर ज़ोर देते हुए कहा कि 3 जनवरी को सरदार की शहादत के साथ ही  क्षेत्र में एक नए अध्याय और एक नए चरण की शुरुआत हो चुकी है , उन्होंने कहा कि यह तिथि सिर्फ ईरान या इराक के नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र  के लिए ऐतिहासिक तथा निर्णयाक होगी ।
सय्यद हसन नसरुल्लाह ने कहा कि शहादत क़ासिम सुलैमानी का उद्देश्य थी वह अपनी जवानी के दिनों से ही शहादत की इच्छा रखते थे वह अपनी आरज़ू तक पहुँच चुके हैं जैसे जैसे आदमी की उम्र गुज़रती है वह डरने लगता है लेकिन सरदार क़ासिम सुलैमानी इस के विपरीत थे और हम अंतिम के कुछ सालों में यह बात और भली भांति उनकी ज़िन्दगी में देख सकते हैं ।
सय्यद हसन नसरुल्लाह ने कहा कि अगर अमेरिका ईरान में किसी को टारगेट करता तो वह ईरान का मामला होता लेकिन क़ासिम सुलैमानी सिर्फ ईरान के नहीं थे क़ासिम सुलैमानी प्रतिरोध का ध्रुव थे वह प्रतिरोध का केंद्र बिंदु थे , क़ासिम सुलैमानी मतलब प्रतिरोध , क़ासिम सुलैमानी मतलब फिलिस्तीन,  लेबनान क़ासिम सुलैमानी मतलब इराक , यमन, सीरिया और हर वह मोर्चा जहाँ साम्राज्यवाद और अत्याचार के विरुद्ध प्रतिरोधी मौजूद हैं।
इन्तेक़ाम का मतलब यह नहीं कि जिस रैंक के क़ासिम सुलैमानी थे उसी रैंक के दुश्मन को ढेर किया जाए, सरदार क़ासिम सुलैमानी का जूता भी ट्रम्प के सर से क़ीमती और मूल्यवान है , दुश्मनों में क़ासिम सुलैमानी के बराबर का कोई है ही नहीं जिस से इन्तेक़ाम लिया जाए
इन्तेक़ाम क्षेत्र में अमेरिका की सैन्य उपस्थिति से होगा क्षेत्र में मौजूद अमेरिका के सभी सैन्य अड्डे सैन्य अङ्गिकरि और सैनिक इस अपराध का बदला चुकाएंगे ।



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Raza5 January 2020
nice
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Azmi hasan6 January 2020
Ham husainy hai ham aap ke sath hai
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