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Code : 72446
Date of publication : 7/4/2015 22:17
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इस्लामी इंक़ेलाब के जियालों ने राजनयिक युद्ध में, राष्ट्र के अधिकार का बचाव किया।

इस्लामी इंक़ेलाब के संरक्षक बल सिपाहे पासदारान के कमांडर ने परमाणु वार्ता में ईरानी राष्ट्र के जियालों की सराहना करते हुए कहा कि हमारे राजनयिकों को चाहिए कि अपनी सारी क्षमता व ऊर्जा, देश और इस्लामी क्रांति के सम्मान के लिए इस्तेमाल करें।


विलायत पोर्टलः रिपोर्ट के अनुसार इस्लामी इंक़ेलाब के संरक्षक बल सिपाहे पासदारान के कमांडर ने परमाणु वार्ता में ईरानी राष्ट्र के जियालों की सराहना करते हुए कहा कि हमारे राजनयिकों को चाहिए कि अपनी सारी क्षमता व ऊर्जा, देश और इस्लामी क्रांति के सम्मान के लिए इस्तेमाल करें।
सहर वैश्विक नेटवर्क की रिपोर्ट के अनुसार इस्लामी इंक़ेलाब के संरक्षक बल सिपाहे पासदारान के कमांडर जनरल मोहम्मद अली जाफ़री ने इस्लामी इंक़ेलाब के संरक्षक बल सिपाहे पासदारान के कमांडरों के सम्मेलन के अवसर पर हालिया परमाणु बयान के कुछ अस्पष्ट मुद्दों के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि अमेरिका के मुकाबले में ईरानी राष्ट्र के प्रतिरोध ने ईरान पर अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षाएं थोपने के अमेरिका के शक्तिशाली षड़यंत्र को विफल बना दिया।
उन्होंने कहा कि अमेरिका जो ईरान में राजनीतिक स्टैंड के परिवर्तन की कोशिश में था खुद ही अपने राजनीतिक व्यवहार में बदलाव लाने और अतीत के तौर तरीक़ों के विपरीत हमारी जनता के सामने मेज पर मौजूद सभी विकल्पों को भुला कर परमाणु मुद्दे के समाधान के लिए राजनीतिक रास्ता अपनाने पर मजबूर हो गया। मोहम्मद अली जाफ़री ने कहा कि हमारे राष्ट्र की ठोस प्रतिबद्धता और एरादे ने अमेरिकी राष्ट्रपति को इस महान ऐतिहासिक एतेराफ़ से पर्दा उठाने पर मजबूर किया है कि सैन्य विकल्प और ईरान के खिलाफ प्रतिबंध जारी रहने से ईरान अधिक मजबूत और स्थिर होगा। उन्होंने कहा कि अल्लाह की कृपा से ईरान के क्रांतिकारी जवानों ने अब तक राजनयिक युद्ध में ईरानी राष्ट्र के अधिकारों का भरपूर बचाव किया है और ईरानी राष्ट्र और सिपाहे पासदारान इन राजनयिकों के निष्ठापूर्ण राजनीतिक प्रयासों और रेड लाइन पर बने रहने के मनोबल की सराहना करते है।


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