Delicious facebook RSS दोस्तों को भेजें। प्रिंट सेव करें। XML TEXT PDF
Code : 58790
Date of publication : 7/9/2014 21:55
Hit : 433

आईएईए की नई रिपोर्ट का केवल कुछ हिस्सा सकारात्मक।

संयुक्त राष्ट्र के यूरोपीय मुख्यालय में ईरान के पूर्व प्रतिनिधि अली खुर्रम ने कहा कि जिनेवा समझौते के आधार पर ईरान की सभी स्वैच्छिक व्यावहारिक कार्यवाहियों के बारे में आईएईए की नई रिपोर्ट का केवल कुछ हिस्सा ही सकारात्मक है

अहलेबैत समाचार एजेंसी अबना की रिपोर्ट के अनुसार संयुक्त राष्ट्र के यूरोपीय मुख्यालय में ईरान के पूर्व प्रतिनिधि अली खुर्रम ने कहा कि जिनेवा समझौते के आधार पर ईरान की सभी स्वैच्छिक व्यावहारिक कार्यवाहियों के बारे में आईएईए की नई रिपोर्ट का केवल कुछ हिस्सा ही सकारात्मक है। संयुक्त राष्ट्र के यूरोपीय मुख्यालय में ईरान के पूर्व प्रतिनिधि अली खुर्रम ने आज इरना से बातचीत में ईरान की परमाणु गतिविधियों के बारे में परमाणु ऊर्जा की अंतरराष्ट्रीय एजेंसी द्वारा जारी की जाने वाली नई रिपोर्ट की ओर इशारा करते हुए कहा है कि लगभग नब्बे प्रतिशत से अधिक रिपोर्ट वही पुरानी बातों पर आधारित है। उन्होंने कहा कि इस रिपोर्ट में केवल दो नई बातें कही गई हैं, एक ईरान की ओर से वादे पर अमल में लाए जाने वाले उपायों से संबंधित है और दूसरी बात, ईरान की ओर से पांच व्यावहारिक कदमों के बारे में है जिन्हें तेहरान की ओर से पच्चीस अगस्त तक अंजाम दिया जाना था जबकि दो काम अभी भी बाकी हैं। यह ऐसी स्थिति में है कि इससे पहले ईरान ने इन विषयों के जटिल होने के मद्देनजर आईएईए को पहले ही बता दिया था कि तयशुदा पांच चरणों के बारे में समझौते पर तय की गई तारीख़ पच्चीस अगस्त तक अमल नहीं हो सकता है।


आपका कमेंट



मेरा कमेंट शो न किया जाये
Security Code :

नवीनतम लेख

हिटलर की भांति विरोधी विचारधारा को कुचल रहे हैं ट्रम्प । ईरान, आत्मघाती हमलावर और आतंकी टीम में शामिल दो सदस्य पाकिस्तानी : सरदार पाकपूर सीरिया अवैध राष्ट्र इस्राईल निर्मित हथियारों की बड़ी खेप बरामद । ईरान को CPEC में शामिल कर सऊदी अरब और अमेरिका को नाराज़ नहीं कर सकता पाकिस्तान। भारत पहुँच रहा है वर्तमान का यज़ीद मोहम्मद बिन सलमान, कई समझौतों पर होंगे हस्ताक्षर । ईरान के कड़े तेवर , वहाबी आतंकवाद का गॉडफादर है सऊदी अरब अर्दोग़ान का बड़ा खुलासा, आतंकवादी संगठनों को हथियार दे रहा है नाटो। फिलिस्तीन इस्राईल मद्दे पर अरब देशों के रुख में आया है बदलाव : नेतन्याहू बहादुर ख़ानदान की बहादुर ख़ातून यह 20 अरब डॉलर नहीं शीयत को नाबूद करने की साज़िश की कड़ी है पैग़म्बर स.अ. की सीरत और इमाम ख़ुमैनी र.अ. की विचारधारा शिम्र मर गया तो क्या हुआ, नस्लें तो आज भी बाक़ी है!! इमाम ख़ुमैनी र.ह. और इस्लामी इंक़ेलाब की लोकतांत्रिक जड़ें हज़रत फ़ातिमा ज़हरा स.अ. के घर में आग लगाने वाले कौन थे? अहले सुन्नत की किताबों से एक बेटी ऐसी भी....